➤ NSUI छात्रों के साथ नगरोटा में निकाली विशाल रोष रैली
➤ दिल्ली में छात्रों की आवाज दबाने का लगाया आरोप
➤ रोजगार, चंदा और चुनावी वादों पर बीजेपी सरकार को घेरा
नगरोटा बगवां। हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम (एचपीटीडीसी) के चेयरमैन एवं नगरोटा बगवां के विधायक आरएस बाली ने NSUI कार्यकर्ताओं और छात्रों के साथ नगरोटा के ओबीसी भवन से ओल्ड बस स्टैंड तक विशाल रोष रैली निकालकर केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। रैली में बड़ी संख्या में युवा शामिल हुए और छात्रों के समर्थन में नारे लगाए गए। प्रदर्शन के दौरान आरएस बाली ने कहा कि लोकतंत्र में युवाओं और छात्रों की आवाज को दबाना किसी भी सरकार के लिए उचित नहीं है।
छात्रों की आवाज दबाने का आरोप
अपने संबोधन में आरएस बाली ने कहा कि आज देश के कई हिस्सों, विशेषकर दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई सहित विभिन्न राज्यों में हजारों छात्र अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों की मांगों को सुनने के बजाय उन पर बल प्रयोग किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत जनता की आवाज होती है और यदि युवाओं की आवाज ही दबा दी जाएगी तो यह लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ होगा।
केंद्र सरकार पर साधा निशाना
आरएस बाली ने केंद्र की बीजेपी सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि सरकार जनता के सवालों का जवाब देने के बजाय विरोध की आवाज को दबाने में लगी हुई है। उन्होंने कहा कि देश के युवाओं, विद्यार्थियों और आम नागरिकों की समस्याओं को गंभीरता से सुनना सरकार की जिम्मेदारी है, लेकिन आज हालात इसके विपरीत दिखाई दे रहे हैं।
‘जय श्री राम’ के नारे पर भी की टिप्पणी
अपने राजनीतिक संबोधन में आरएस बाली ने कहा कि केवल ‘जय श्री राम’ का नारा लगाने से कोई व्यक्ति भगवान राम के आदर्शों का पालन नहीं कर सकता। उन्होंने कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम का जीवन सत्य, न्याय और मर्यादा का प्रतीक है और उनके आदर्शों को व्यवहार में उतारना अधिक महत्वपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि एक ओर धार्मिक नारों का इस्तेमाल किया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर भ्रष्टाचार और चंदे को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
रोजगार के मुद्दे पर सरकार को घेरा
युवाओं के भविष्य का मुद्दा उठाते हुए आरएस बाली ने कहा कि केंद्र सरकार ने हर वर्ष दो करोड़ रोजगार, हर नागरिक के खाते में 15 लाख रुपये और अच्छे दिन लाने जैसे कई बड़े वादे किए थे, लेकिन आज देश का युवा रोजगार के लिए संघर्ष कर रहा है। उन्होंने कहा कि बेरोजगारी लगातार बढ़ रही है और लाखों शिक्षित युवा नौकरी की तलाश में भटक रहे हैं।
उन्होंने कहा कि चुनावी मंचों से बड़े-बड़े वादे किए गए, लेकिन धरातल पर उनका लाभ युवाओं को नहीं मिला। उन्होंने सरकार से युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की।
लोकतंत्र बचाने की लड़ाई बताई
आरएस बाली ने कहा कि यह केवल किसी एक संगठन या राजनीतिक दल का आंदोलन नहीं है, बल्कि लोकतंत्र और युवाओं के अधिकारों की रक्षा की लड़ाई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और NSUI हमेशा छात्रों तथा युवाओं की आवाज उठाते रहेंगे और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा।
रैली के दौरान बड़ी संख्या में NSUI कार्यकर्ता, स्थानीय कांग्रेस पदाधिकारी, युवा और आम नागरिक मौजूद रहे। प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ और अंत में छात्रों के अधिकारों तथा रोजगार के मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद करने का संकल्प लिया गया।



